Friday, May 31, 2019

प्रदूषण का हाल....अनुष्का सूरी

children-of-uganda-2314806_960_720
जब से हुआ विज्ञान प्रबल
तब से हुआ वायु बदहाल
वाहन सब ईंधन से दौड़ते
धुआं छोड़ हवा को बिगाड़ते
शहर गांव का है बुरा हाल
मत पूछो भाई प्रदूषण का हाल
दमें से हैं कई बीमार
दूषित वायु की है मार
पेड़ बेचारे हैं मददगार
उनको काट कर हम बेकार
आओ मिलकर करें कुछ उपचार
लगाए पेड़ पौध हम घर-बाहर

8 comments:

  1. बेहतरीन अभिव्यक्ति 👌

    ReplyDelete
  2. सुन्दर अभिव्यक्ति

    ReplyDelete
  3. बिलकुल सही ,बेहतरीन रचना ,सादर नमस्कार

    ReplyDelete
  4. जी नमस्ते,
    आपकी इस प्रविष्टि् के लिंक की चर्चा कल शनिवार (01 -06-2019) को "तम्बाकू दो छोड़" (चर्चा अंक- 3353) पर भी होगी।

    --
    चर्चा मंच पर पूरी पोस्ट अक्सर नहीं दी जाती है बल्कि आपकी पोस्ट का लिंक या लिंक के साथ पोस्ट का महत्वपूर्ण अंश दिया जाता है।
    जिससे कि पाठक उत्सुकता के साथ आपके ब्लॉग पर आपकी पूरी पोस्ट पढ़ने के लिए जाये।

    आप भी सादर आमंत्रित है

    ….
    अनीता सैनी

    ReplyDelete
  5. जी नमस्ते,
    आपकी लिखी रचना हमारे सोमवारीय विशेषांक
    ३ जून २०१९ के लिए साझा की गयी है
    पांच लिंकों का आनंद पर...
    आप भी सादर आमंत्रित हैं...धन्यवाद।

    ReplyDelete
  6. प्रदूषण पर चिंता व्यक्त करती सटीक रचना।

    ReplyDelete