मेरी धरोहर..चुनिन्दा रचनाओं का संग्रह

Saturday, January 9, 2021

मैं तुम्हें प्रेम करता हूँ ....अकिञ्चन धर्मेन्द्र

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मैं तुम्हें प्रेम करता हूँ..; इसलिए नहीं कि- मैं तुम्हें प्रेम करता हूँ..! मैं तुम्हें प्रेम करता हूँ..; इसलिए कि- मेरी साँसों में घुलती रहत...
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Friday, January 8, 2021

थकन मेरे हौसलों की .....मेजर (डॉ) शालिनी सिंह

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छूते हो मुझे तो महसूस कर पाते हो क्या तरकीब़ मेरी रूह की बनावट मेरे मन की सहला पाते हो क्या थकन मेरे हौसलों की सलवटें मेरे ख्वाबों की छूते ह...
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Thursday, January 7, 2021

अरमान ...सुदर्शन शिवानी

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ज़िन्दगी की कशमकश से परेशान बहुत है, दिल को न उलझाओ ये नादान बहुत है। यूं सामने आ जाने पर कतरा के गुजरना, वादे से मुकर जाना उसे आसान बहुत है।...
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Wednesday, January 6, 2021

यात्रा ..इन्दु सिंह

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यात्रा   कितनी भी कर ली जाए बहुत कुछ छूट ही जाता है। सफ़र पर सब जल्दी में रहते हैं गंतव्य तक थक चुके होते हैं। उसने कहा वह सफ़र पर है वह इंतज़ा...
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Sunday, January 3, 2021

मेरी ग़ज़ल पढ़ेगा कौन .....नवीन मणि त्रिपाठी

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22 22 22 2 उनकी बात सुनेगा कौन । ज़िद पर आज़ झुकेगा कौन ।। की है बगावत जनता ने । साहब तुम्हें चुनेगा कौन ।। बिक जाते...
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Saturday, January 2, 2021

दर्द सिमट आया आँखों में ..डॉ. अंशु सिंह

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दर्द सिमट आया आँखों में स्नेह-भाव को तन मन तरसे आज दर्द से भीगीं पलकें तुहिन बिंदु कण कण बन बरसे दुःसह वेदना कोण-कोण में रूप नवल प्रतिब...
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Friday, January 1, 2021

वो हर युग में छली जाती हैं ...वसुंधरा व्यास

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पेन्टिग बलवीर मेहता स्त्रियाँ सुनती नहीं बुनती हैं.... नित नए ख़्वाब नित नई उम्मीद के साथ घर.. परिवार, परिवेश और... जीवन को रससिक्त रखने के ...
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  • Digvijay Agrawal
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